छत्तीसगढ़ी कविता प्रतियोगिता
छत्तीसगढ़ के पागा कलगी भाग - ०३
01 - 15 फरवरी 2016 तक
विषय - कलेवा (छत्तीसगढ़ के)
विजेता - महेश पांडेय "मनु"
विजेता के कविता विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं
मे प्रकाशित होय हे, दैनिक अखबार
किरण दूत रायगढ़ से, अंजोर छत्तीसगढ़ी
मासिक पत्रिका, के अलावा छत्तीसगढ़ी
साहित्य संग्रह म भी प्रकाशित होय हे।
महेश पांडेय "मनु"जी ल बहुत बहुत बधाई।
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विषय - छत्तीसगढ़ के कलेवा
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मोर छत्तीसगढ के कलेवा ह अब्बड़ मिठाथे
हर तिहार अऊ हर मउसम म नवा नवा आथे
गुड़हा चीला हरेली के अऊ पितरपाख के बोबरा
ठेठरी खुरमी के मजा उडाथे का लईका का डोकरा
देवारी म घर म बनथे खाजा पिडिया मिठाई
मां लक्ष्मि म भोग लगाथन लाडू बतासा लाई
होरी के कलेवा घलो मन खूब रंग जमाथे
अरसा देहरौरी ह मुंह म जातेच ही घुर जाथे
चीला चौसेला के सुवाद इडली सांभर ले बढकर
हथफोड़वा अऊ फरा के आगे का पिज्जा का बरगर
गोरसी म बने अंगाकर जाने कहां नंदागे
पपची लडुवा बिहाव के घलो कहु बिलागे
दूधफरा औ रसकतरा के बात कहौ का संगी
ये दुनो ह मोला सिरतोन म तसमई असन मिठाथे
मोर छत्तीसगढ के कलेवा ह अब्बड़ मिठाथे
हर तिहार म हर मउसम म नवा नवा आथे
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रचना - महेश पांडेय "मनु"
पंडरिया जिला - कवर्धा
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प्रतियोगिता म भाग लेवईया जम्मो कवि
मन ल अंतस ले आभार अऊ धन्यवाद।
नवीन कुमार तिवारी, महेश पांडेय मनु,
ओमप्रकाश चौहान, दिनेश देवांगन दिव्य,
देवेन्द्र कुमार ध्रुव, अशोक साहू,
राजेश कुमार निषाद, मिलन मलरिहा,
ललित टिकरिहा, सूर्यकांत गुप्ता।
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